पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षाः पुलिस ने एक बड़े गिरोह का किया भंडाफोड़, कांगड़ा में 6 और हमीरपुर में 1 गिरफ्तार

  • 12 Aug 2019
  • Reporter: मनोज धीमान

पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा के दौरान कांगड़ा पुलिस ने एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। यह गिरोह लिखित परीक्षा में नकल से पास कराने की गारंटी देकर हर परीक्षार्थी से लाखों रुपए वसूल कर रहा था। पुलिस ने रविवार को परौर स्थित राधा स्वामी सत्संग भवन में आयोजित परीक्षा के दौरान अन्य अभ्यर्थियों के स्थान पर परीक्षा देने की तैयारी कर रहे 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए 6 आरोपी हिमाचल, दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ के रहने वाले हैं। एक अभ्यर्थी से इलेक्ट्रॉनिक गैजेट भी बरामद हुए हैं।

इन आरोपियों के खिलाफ भवारना पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है। यह गिरोह अन्य राज्यों में भी फैला हुआ है। इस पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है। यह गिरोह पुलिस कांस्टेबल भर्ती की लिखित परीक्षा में नकल से पास कराने की गारंटी देकर हर परीक्षार्थी से लाखों रुपए वसूल कर रहा था। रविवार को जिला कांगड़ा में कांस्टेबल भर्ती के लिए ग्राउंड टेस्ट पास करने वाले अभ्यर्थियों की लिखित परीक्षा का आयोजन राधा स्वामी सत्संग भवन परौर में किया गया था। हालांकि, परीक्षा परिसर में किसी प्रकार का थैला, मोबाइल फोन, ब्लूटुथ, गणक यंत्र या स्मार्ट घड़ी ले जाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध था। रविवार को परीक्षा देते कड़ी निगरानी के चलते यह गिरोह पकड़ा गया।

एसपी जिला कांगड़ा विमुक्त रंजन ने कहा कि कांस्टेबल भर्ती परीक्षा के दौरान रविवार को परौर से 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जोकि अन्य अभ्यर्थियों के स्थान पर परीक्षा देने की तैयारी कर रहे थे। यह गिरोह अन्य राज्यों में भी फैला हुआ है। इस पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है। इसमें कितने अभ्यार्थी संलिप्त थे, यह जांच के बाद ही कहा जा सकता है। एसपी ने बताया कि ज्वाली उपमंडल में पुलिस ने इस गिरोह के संभावित सरगना के घर दबिश दी लेकिन वह फरार हो चुका था। उसके घर से लाखों रुपए की नगदी बरामद हुई है। पुलिस अभी तलाशी ले रही है और कई अहम सुराग पुलिस के हाथ लगने की उम्मीद है।

हमीरपुर में भी मुन्ना भाई गिरफ़्तार

वहां, हमीरपुर में भी एक मुन्ना भाई गिरफ़्तार किया गया है। पुलिस ने विशाल ठाकुर निवासी मैड़ ज़िला हमीरपुर को फ़र्ज़ी काल लेटर बनाने के आरोप में गिरफ़्तार किया है। जानकारी के अनुसार विशाल को शारीरिक दक्षता परीक्षा में 1500 मीटर रेस में अयोग्य पाया गया था। इसके बावजूद इसने फ़र्ज़ी कॉल लेटर बनाकर रविवार को परीक्षा केंद्र में परीक्षा देने का प्रयास किया ।