➤ आज विनायक चतुर्थी पर चंद्र दर्शन वर्जित रहेगा
➤ रवि योग पूरे दिन रात्रि प्रभावी रहेगा
➤ भद्रा रात्रि 09:28 PM से, शुभ कार्य वर्जित
आज 28 जून 2025, शनिवार का दिन अनेक दृष्टियों से विशेष ज्योतिषीय महत्व रखता है। तिथि तृतीया सुबह 09:53 AM तक रहेगी, उसके बाद चतुर्थी तिथि प्रारंभ होगी। इस चतुर्थी पर विनायक चतुर्थी का पर्व मनाया जाएगा, जिसमें गणेशजी की विशेष पूजा का विधान है। आज चतुर्थी पर चंद्र दर्शन वर्जित बताया गया है क्योंकि इससे झूठा कलंक लग सकता है। पूजा के दौरान तुलसी पत्र वर्जित रहेगा, जबकि मोदक, लड्डू, सिंदूर, लाल फूल, धूप और दीप से पूजन करें। विशेष मुहूर्त दोपहर 11:01 AM से 01:48 PM तक रहेगा, इस समय “ॐ गं गणपतये नमः” का जाप करना शुभ रहेगा।
नक्षत्र पुष्य सुबह 06:35 AM तक रहेगा, उसके बाद अश्लेषा नक्षत्र प्रारंभ होगा। रवि योग सुबह 06:35 AM से अगले दिन 05:26 AM तक रहेगा, जो संपूर्ण दिन और रात्रि में प्रभावी रहेगा। आज शनिवार का दिन होने से शनि पूजा और दान के लिए भी अत्यंत शुभ माना गया है। शनि दोष शांति के लिए काला तिल, लोहे, काली उड़द, सरसों तेल का दान, शनि चालीसा का पाठ, काली वस्त्र धारण, काला छाता दान और शनिदेव मंदिर में दीपक जलाना विशेष फलदायी रहेगा।
आज भद्रा काल रात्रि 09:28 PM से 29 जून की सुबह 05:26 AM तक रहेगा, इस अवधि में शुभ कार्य वर्जित रहेंगे। चंद्रमा आज कर्क राशि में रहेगा। दिशा शूल पूर्व दिशा में है, यात्रा में सावधानी रखें।
शुभ मुहूर्त में ब्रह्म मुहूर्त 04:05 AM से 04:46 AM, अभिजीत मुहूर्त 11:56 AM से 12:52 PM, और विजय मुहूर्त 02:44 PM से 03:40 PM तक प्रमुख रहेंगे।
अशुभ समय में राहुकाल सुबह 08:55 AM से 10:40 AM, यमगण्ड 02:09 PM से 03:54 PM, और गुलिक काल 05:26 AM से 07:10 AM तक रहेगा।
आज के दिन सूर्योदय 05:26 AM और सूर्यास्त 07:23 PM, जबकि चंद्रोदय 08:09 AM और चंद्रास्त 07:23 PM पर होगा। संक्षेप में, आज का दिन विनायक चतुर्थी पूजा, रवि योग और शनि उपासना के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण रहेगा, लेकिन भद्रा काल में कोई भी शुभ कार्य न करें।



