प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के सबसे विवादास्पद मुद्दों पर ने चुप्पी तोड़ी है। समाचार एजेंसी एएनआई को दिए इंटरव्यू में पीएम नरेंद्र मोदी ने एनारसी, आरक्षण और मॉब लिंचिंग जैसे मुद्दों पर अपने विचार साफ किए। इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने महागठबंधन और पाकिस्तान की नई सरकार के साथ संबंधों को लेकर भी अपनी राय स्पष्ट की है। विपक्ष एनआरसी के मुद्दों के लेकर हमलावर है, पीएम मोदी ने इंटरव्यू में एनआरसी के मुद्दे पर साफ कहा कि किसी भी भारतीय को देश नहीं छोड़ना पड़ेगा।
इसके साथ ही आरक्षण के मुद्दे पर सरकार का रुख साफ करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा जातिगत आरक्षण में बदलाव का कोई विचार नहीं है। पीएम मोदी ने कहा कि बीजेपी के खिलाफ बन रहा महागठबंधन ज्यादा दिन नहीं चलेगा। रोजगार के मुद्दे पर सरकार को घेर रहे विपक्ष को जवाब देते हए उन्होंने कहा कि पिछले साल हमारी सरकार ने एक करोड़ युवाओं को रोजगार दिया। प्रधानमंत्री के इंटरव्यू को 2019 की तैयारी के तौर पर भी देखा जा रहा है। इस इंटरव्यू में उन्होंने उन सभी विवादस्पद मुद्दों पर बयान दिया है जिन पर उन्हें घेरने की कोशिश की जा रही थी।
क्या बोले प्रधानमंत्री मोदी
समाचार एजेंसी ANI को दिए इंटरव्यू में पीएम मोदी ने कहा, ''किसी भी भारतीय नागरिक को देश नहीं छोड़ना पड़ेगा.'' उन्होंने भरोसा दिलाया कि जिन लोगों का नाम लिस्ट में नहीं है उन्हें उनकी नागरिकता साबित करने का पूरा मौका दिया जाएगा। एनआरसी के मुद्दे पर पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी बीजेपी और केंद्र सरकार पर हमलावर हैं। ममता के हमलों का जवाब देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, ''जिन लोगों का अपने पर से विश्वास हट गया है जिन को देश में जनसमर्थन हासिल नहीं है, जो देश के संस्थानों में यकीन नहीं करते वे ही लोग सिविल वॉर और खून-खराबे और देश के टुकड़े-टुकड़े जैसी बातें करते हैं। ऐसे लोगों को देश की नब्ज की पकड़ नहीं हैं।''
रोजगार के मुद्दे पर बोले प्रधानमंत्री मोदी
मोदी सरकार बढ़ती बेरोजगारी के मुद्दे पर भी कटघरे में है, विपक्ष लगातार पीएम पर सीधे हमले कर रहा है। पीएम ने कहा, ''पिछले एक साल में ही एक करोड़ से ज्यादा रोजगार दिए गए, इसलिए ऐसा प्रचार करना कि रोजगार पैदा नहीं हो रहे, निश्चित रूप से बंद होना चाहिए।'' प्रधानमंत्री ने कई योजनाओं का उल्लेख करते हुए सवाल किया कि क्या इनसे रोजगार नहीं पैदा हो रहे?
मॉब लिंचिंग और महिला सुरक्षा पर क्या बोले पीएम?
मोदी सरकार जिस मुद्दे पर कटघरे में है। उसमें मॉब लिचिंग यानी भीड़-हत्या और महिलाओं के प्रति बढ़ता अपराध भी एक मुद्दा है। विपक्ष लगातार आरोप लगा रहा है कि पीएम मोदी और उनकी सरकार ऐसे मुद्दों पर चुप बैठी है। इन आरोपों का जवाब देते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ''ऐसी एक भी घटना दुर्भाग्य पूर्ण हैं। सभी को राजनीति से ऊपर उठकर समाज में शांति और एकता सुनिश्चित करनी चाहिए। मेरी पार्टी और मैंने साफ शब्दों में कई मौकों पर इस तरह की हरकतों और मानसिकता पर बातें कहीं हैं और सभी ऑन रिकॉर्ड मौजूद हैं।''
आरक्षण पर बोले पीएम- नहीं खत्म होगा जातिगत आरक्षण
आरक्षण को लेकर देश में नए सिरे से बहस छिड़ी हुई, कभी गुजरात में पटेल समुदाय स़डकों पर उतरता है तो कभी महाराष्ट्र में मराठा समुदाय आरक्षण जैसे गंभीर और विवादास्पद मुद्दे पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ''आरक्षण अभी रहने वाला है। इस पर हमें शक नहीं करना चाहिए। बाबा साहेब आम्बेडकर के सपने इस देश की ताकत हैं और हम उन्हें पूरा करने के लिए कटिबद्ध हैं। हमारा मंत्र है सबका साथ, सबका विकास, हमें इसे हासिल करना है। गरीबों, उपेक्षितों, दलितों पिछड़ों, आदिवासियों और ओबीसी समुदाय के हितों की रक्षा करना जरूरी है।''
जीएसटी पर भी बोले प्रधानमंत्री मोदी?
प्रधानमंत्री ने कहा, ''जीएसटी से पहले रजिस्टर व्यापार की संख्या 66 लाख थी पर पिछले एक साल में 48 लाख नए व्यापार रजिस्ट हुए हैं। 350 करोड़ रसीद प्रोसेस की गई हैं 11 करोड़ रिटर्न भरे गए हैं, ये दिखाता है कि जीएसटी को लोगों ने स्वीकार किया है। वे न केवल गुमराह करना चाहते हैं बल्कि सिर्फ विरोध के लिए विरोध में शामिल हैं। चाहें वो फिर योग हो, आयुषमान भारत हो, स्वच्छ भारत हो, एनआरसी हो या सर्जिकल स्ट्राइक हो उनका व्यवहार सबके लिए एक जैसा है।''



