➤ PM पर आपत्तिजनक पोस्ट के आरोप में 14 दिन की न्यायिक हिरासत
➤ दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल ने पूछताछ के बाद किया गिरफ्तार
➤ विधायक राकेश कालिया बोले— अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला
ऊना: हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के गगरेट क्षेत्र से जुड़े कांग्रेस नेता अनिल डडवाल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट करने के आरोप में तिहाड़ जेल भेज दिया गया है। अदालत ने उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया है, जिससे प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।
जानकारी के अनुसार, दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 25 फरवरी को डडवाल के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं—336(4), 353(2) और 386 के तहत मामला दर्ज किया था। इसके बाद पुलिस टीम ने उन्हें पकड़ने के लिए ऊना के गगरेट क्षेत्र में दबिश दी, लेकिन वह कुछ समय तक पुलिस की पहुंच से बाहर रहे।
बताया जा रहा है कि बाद में पुलिस के समन पर डडवाल स्वयं दिल्ली स्पेशल सेल कार्यालय पहुंचे, जहां उनसे लंबी पूछताछ की गई। पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया और अदालत में पेश किया गया। प्रारंभिक सुनवाई के बाद उन्हें पुलिस रिमांड पर भेजा गया था।
रिमांड अवधि पूरी होने के बाद दिल्ली पुलिस ने उन्हें दोबारा पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया, जहां अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल भेजने का आदेश दिया।
राजनीतिक पृष्ठभूमि की बात करें तो अनिल डडवाल पंचायत स्तर पर सक्रिय रहे हैं और ग्राम पंचायत दियोली के पूर्व उपप्रधान व पंचायत समिति सदस्य रह चुके हैं। उन्हें गगरेट के विधायक राकेश कालिया का करीबी समर्थक माना जाता है।
इस पूरे मामले ने अब राजनीतिक रंग भी ले लिया है। विधायक राकेश कालिया ने डडवाल की गिरफ्तारी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी अपने कार्यकर्ता के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने इसे अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला करार दिया और कहा कि लोकतंत्र में सवाल उठाना कोई अपराध नहीं है।
उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी अपने हर कार्यकर्ता के सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। वहीं, कांग्रेस के अन्य नेताओं ने भी सोशल मीडिया के जरिए इस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं।
इस घटनाक्रम के बाद प्रदेश में राजनीतिक बयानबाजी तेज होने के संकेत मिल रहे हैं और आने वाले दिनों में यह मामला और तूल पकड़ सकता है।



