➤ समरहिल परिसर में एबीवीपी और एसएफआई से जुड़े विवाद के बीच फिर तनाव
➤ पुलिस कार्य में बाधा और अव्यवस्था के आरोप में सात युवक गिरफ्तार
➤ मेडिकल के बाद आरोपियों को हवालात में रखा, आगे की कानूनी कार्रवाई जारी
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (HPU) के समरहिल परिसर में एबीवीपी और एसएफआई के बीच चल रहे विवाद के बीच मंगलवार को एक बार फिर तनाव की स्थिति बन गई। पुलिस के अनुसार परिसर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस कर्मी मौके पर तैनात थे। इसी दौरान कुछ युवकों पर पुलिस कार्य में बाधा डालने और परिसर में अव्यवस्था पैदा करने का प्रयास करने का आरोप लगा। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने क्विक रिस्पांस टीम (QRT) की मदद ली और मौके से सात युवकों को हिरासत में लेकर पुलिस थाना बालूगंज पहुंचाया गया।
मामले के अनुसार, समरहिल परिसर में छात्र संगठनों के बीच पहले से विवाद की स्थिति बनी हुई थी। मंगलवार को घटनाक्रम के दौरान माहौल फिर तनावपूर्ण हो गया। पुलिस के अनुसार स्थिति बिगड़ने की आशंका को देखते हुए मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने हस्तक्षेप किया। इसके बाद QRT की सहायता से सात युवकों को हिरासत में लिया गया और उन्हें बालूगंज थाना ले जाया गया।
पुलिस रपट के आधार पर आरोपियों के खिलाफ बीएनएसएस की धारा 126/170 के तहत कार्रवाई की गई। पुलिस के मुताबिक कानूनी प्रक्रिया के तहत सातों युवकों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने सभी आरोपियों की पहचान भी दर्ज की है।
गिरफ्तार किए गए युवकों में कमलेश निवासी करसोग, मंडी, प्रवेश निवासी शिलाई, सिरमौर, मुकेश निवासी चूराह, चंबा, आशीष निवासी ननखड़ी, शिमला, किशोर कुमार निवासी कुल्लू सदर, हैप्पी निवासी थुनाग, मंडी और चमन निवासी चूराह, चंबा शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार हिरासत में लिए गए सभी युवकों का मेडिकल परीक्षण करवाया गया। इसके बाद उन्हें नियमानुसार पुलिस थाना की हवालात में रखा गया। पुलिस का कहना है कि आरोपियों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए सक्षम प्राधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है।
HPU परिसर में छात्र संगठनों के बीच विवाद के दौरान पुलिस की मौजूदगी में स्थिति बिगड़ने से विश्वविद्यालय परिसर की कानून-व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन के सामने चुनौती पैदा हुई है। पुलिस की ओर से घटनाक्रम से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि पूरे घटनाक्रम की शुरुआत किस परिस्थिति में हुई।
पुलिस ने फिलहाल गिरफ्तार किए गए सात युवकों के खिलाफ दर्ज कार्रवाई को पुलिस रपट और मौके की स्थिति के आधार पर आगे बढ़ाया है। मामले में जांच जारी है और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
विश्वविद्यालय परिसर में छात्र संगठनों के बीच किसी भी विवाद की स्थिति में कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन और पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी होती है। मंगलवार की घटना के बाद भी इसी दिशा में पुलिस ने तत्काल हस्तक्षेप करते हुए स्थिति को नियंत्रित करने की कार्रवाई की। गिरफ्तार किए गए युवकों का मेडिकल परीक्षण और अन्य औपचारिकताएं पूरी करने के बाद उन्हें सक्षम प्राधिकारी के समक्ष पेश करने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
फिलहाल सात युवकों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। जांच पूरी होने के बाद ही घटनाक्रम से जुड़े अन्य पहलुओं और जिम्मेदारियों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।



