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7 मई को देशभर में गृह मंत्रालय के निर्देश पर सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल का आयोजन
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मॉक ड्रिल में एयर अटैक अलर्ट, ब्लैक आउट, सुरक्षित निकासी और सुरक्षा ट्रेनिंग शामिल
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प्रधानमंत्री ने हाल ही में तीनों सेनाओं के प्रमुखों से की अहम मुलाकातें, युद्ध तैयारी पर चर्चा
Civil Defence Drill India: भारत सरकार ने देश की आंतरिक और बाह्य आपात परिस्थितियों के लिए तैयारी के तहत 7 मई को सिविल डिफेंस से जुड़ी मॉक ड्रिल आयोजित करने का निर्णय लिया है। गृह मंत्रालय द्वारा कुछ विशेष राज्यों को निर्देश जारी किए गए हैं, जिनमें यह अभ्यास किया जाएगा। इस मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों को आपातकालीन हालात से निपटने के लिए प्रशिक्षित करना और संवेदनशील क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था को परखना है।
सरकारी निर्देशों के अनुसार, मॉक ड्रिल के दौरान हवाई हमले के अलर्ट के समय सायरन बजाने, छात्रों और नागरिकों को सुरक्षा प्रशिक्षण देने, ब्लैक आउट की प्रक्रिया अपनाने, महत्वपूर्ण संस्थानों को छिपाने, और स्थान खाली कराने की रणनीतियों का अभ्यास किया जाएगा। सरकार का मानना है कि यह अभ्यास नागरिकों को आपात परिस्थितियों में संयम और सुरक्षित उपाय अपनाने के लिए मानसिक रूप से तैयार करेगा।

इस अभ्यास की पृष्ठभूमि में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया उच्चस्तरीय सुरक्षा बैठकों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बीते सोमवार को प्रधानमंत्री ने रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह से मुलाकात की, जबकि इससे पहले वे वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह और नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश कुमार त्रिपाठी से भी बैठक कर चुके हैं।
सूत्रों के मुताबिक, रविवार को हुई एक अहम मीटिंग में वायुसेना प्रमुख ने प्रधानमंत्री को युद्ध तैयारियों की विस्तृत जानकारी दी। जानकारी दी गई कि पश्चिमी सीमा पर डिफेंस नेटवर्क पूरी तरह से सक्रिय है और राफेल जैसे लड़ाकू विमान तैनाती के लिए तैयार हैं।
इसी क्रम में भारत-पाकिस्तान सीमा से भी सुरक्षा एजेंसियों की सक्रियता की पुष्टि होती है, जहां बीएसएफ ने ठाकुरपुर सीमा क्षेत्र में एक पाकिस्तानी नागरिक को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए व्यक्ति की पहचान हुसनैन, निवासी गुज्जरांवाला के रूप में हुई है, जिसके पास से पाकिस्तानी आईडी कार्ड बरामद हुआ है। सुरक्षा एजेंसियों ने उससे पूछताछ शुरू कर दी है।
इन घटनाओं से स्पष्ट है कि भारत ने संभावित खतरों को ध्यान में रखते हुए अपने सुरक्षा तंत्र को सतर्क और तैयार कर दिया है, और मॉक ड्रिल का आयोजन इसी श्रृंखला की एक अहम कड़ी माना जा रहा है।



