बीड़ पैराग्लाइडिंग साइट से उड़ान भरने के बाद अंधड़ के कारण पायलट का नियंत्रण खो गया
पैराशूट मसोली पंचायत के पहलून गांव में एक घर की छत से टकराकर आंगन में गिरा
घायल पायलट को 108 एंबुलेंस से जोगिंद्रनगर अस्पताल लाया गया, वहां से टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर
विपलव सकलानी
Paragliding Accident Beed: हिमाचल प्रदेश के बीड़ पैराग्लाइडिंग साइट से शनिवार को उड़ान भरने के कुछ समय बाद ही एक पैरा ग्लाइडर पायलट अंधड़ की चपेट में आ गया और नियंत्रण खो बैठा। यह दुर्घटना मंडी जिला के जोगिंद्रनगर क्षेत्र की मसोली पंचायत के पहलून गांव में हुई, जहां पैराशूट एक घर के लेंटर से टकराकर नीचे आंगन में गिर गया।

इस अचानक हुई दुर्घटना में पायलट गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के तुरंत बाद 108 एंबुलेंस सेवा की मदद से उसे जोगिंद्रनगर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्रारंभिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने पायलट को टांडा मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया है।

स्थानीय सूत्रों के अनुसार, तेज हवाओं और मौसम की खराबी के कारण यह हादसा हुआ। बीड़ से उड़ान भरते ही पायलट का संतुलन बिगड़ गया और वह बहकर सीधे पहाड़ी ढलान पर बसे गांव पहलून में जा पहुंचा। गनीमत रही कि दुर्घटना के समय घर के लोग भीतर थे, अन्यथा कोई जानमाल का बड़ा नुकसान हो सकता था।
गांव के लोगों ने बताया कि तेज आवाज के साथ पैराग्लाइडर की छत से टकराने की घटना घटी, जिसके बाद स्थानीय निवासी मौके पर पहुंचे और 108 को सूचना दी। इस तरह समय रहते प्राथमिक उपचार मिल सका।

फिलहाल प्रशासन और पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन की ओर से मौसम की अनदेखी कर उड़ान भरने के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है।
इस अचानक हुई दुर्घटना में पायलट गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के तुरंत बाद 108 एंबुलेंस सेवा की मदद से उसे जोगिंद्रनगर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्रारंभिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने पायलट को टांडा मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया है।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, तेज हवाओं और मौसम की खराबी के कारण यह हादसा हुआ। बीड़ से उड़ान भरते ही पायलट का संतुलन बिगड़ गया और वह बहकर सीधे पहाड़ी ढलान पर बसे गांव पहलून में जा पहुंचा। गनीमत रही कि दुर्घटना के समय घर के लोग भीतर थे, अन्यथा कोई जानमाल का बड़ा नुकसान हो सकता था।
गांव के लोगों ने बताया कि तेज आवाज के साथ पैराग्लाइडर की छत से टकराने की घटना घटी, जिसके बाद स्थानीय निवासी मौके पर पहुंचे और 108 को सूचना दी। इस तरह समय रहते प्राथमिक उपचार मिल सका।
फिलहाल प्रशासन और पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन की ओर से मौसम की अनदेखी कर उड़ान भरने के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है।



