➤ ताज़ा आपराधिक घटनाओं से हिमाचल शर्मशार, कानून व्यवस्था पर उठे सवाल
➤ धर्मशाला छात्रा मौत मामले में उच्च स्तरीय जांच की मांग
➤ नालागढ़ धमाके को लेकर प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर निशाना
मंडी। पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रदेश में बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि हाल की घटनाओं ने हिमाचल को शर्मशार कर दिया है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार की वारदातें सामने आ रही हैं, उससे जनता का सरकार की कानून व्यवस्था से विश्वास डगमगा रहा है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि अराजकता और अशांति का जो माहौल बन रहा है, वह हिमाचल की संस्कृति के बिल्कुल विपरीत है। उन्होंने कहा कि पहले कभी प्रदेश में विस्फोट जैसी घटनाएं नहीं हुई थीं, लेकिन पिछले वर्ष शिमला और अब नए वर्ष में नालागढ़ में पुलिस थाने के बाहर धमाका बेहद गंभीर संकेत हैं।
धर्मशाला कॉलेज छात्रा मौत मामले पर बोलते हुए उन्होंने प्रदेश सरकार को उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच करवाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि ऐसे संवेदनशील मामलों में जल्दबाजी में कोई निर्णय नहीं लिया जाना चाहिए, क्योंकि प्रारंभिक तथ्यों से स्थिति स्पष्ट नहीं हो पा रही है।
उन्होंने कहा कि पूर्व में शिमला में डॉक्टर और मरीज के बीच हुई घटना में भी विपक्ष ने सरकार को जांच के बाद कार्रवाई की सलाह दी थी और इस मामले में भी वही रुख अपनाने की जरूरत है।
नालागढ़ धमाके को लेकर जयराम ठाकुर ने कहा कि यदि किसी संगठन का नाम सामने आ रहा है और वह तथ्यात्मक रूप से सही है, तो यह प्रदेश की सुरक्षा के लिए गंभीर चेतावनी है। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं के लिए हिमाचल में कोई स्थान नहीं है और सरकार को सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।
जयराम ठाकुर ने कहा कि बिगड़ती कानून व्यवस्था से जनता में भय और आतंक का माहौल है। सरकार के कामकाज से ऐसा प्रतीत होता है कि मुख्यमंत्री स्वयं इस मुद्दे को लेकर गंभीर नहीं हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को शांति व्यवस्था बनाए रखने और जनता का भरोसा कायम रखने की दिशा में ठोस कदम उठाने होंगे। साथ ही उन्होंने मृतक छात्रा के परिजनों के प्रति संवेदना भी प्रकट की।



