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हिमाचल में बारिश का कहर जारी, कार हादसे में दो की मौत, कई जिलों में अलर्ट

बारिश से हिमाचल में बढ़ा खतरा, नदी-नाले उफान पर
पच्छाद में कार फिसलने से दो लोगों की मौत, कई जगह भूस्खलन
कांगड़ा, मंडी और सिरमौर में येलो अलर्ट, कई सड़कें और सेवाएं प्रभावित


हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही बारिश ने एक बार फिर जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। प्रदेशभर में नदी-नाले उफान पर हैं, कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ है और सड़कें बंद होने से आवाजाही बाधित हो गई है। सिरमौर जिले के पच्छाद में बारिश के दौरान कार फिसलने से दो लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक महिला घायल हो गई। मौसम विभाग ने बुधवार को कांगड़ा, मंडी और सिरमौर जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है।

बारिश के कारण प्रदेश के कई बैराजों में जलस्तर बढ़ गया है। नाथपा-झाकड़ी, कड़छम और गिरि जटौन बैराज के गेट खोलकर अतिरिक्त पानी छोड़ा गया, जिसके बाद प्रशासन ने नदी किनारे और निचले क्षेत्रों में नहीं जाने की अपील की है। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है।

पच्छाद में कार फिसली, दो लोगों की मौत

सिरमौर जिले के पच्छाद क्षेत्र में मंगलवार सुबह बारिश के दौरान एक कार फिसलकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक महिला घायल हो गई। वहीं डिंगरी सर्जेट गांव में भी एक अन्य कार बारिश के बीच फिसल गई, जिसमें एक व्यक्ति घायल हुआ।

गानवी में घर पर गिरी चट्टान, परिवार ने भागकर बचाई जान

शिमला जिले के रामपुर उपमंडल की गानवी पंचायत के पशगांव में सुबह करीब साढ़े पांच बजे भारी भूस्खलन हुआ। पहाड़ी से गिरी विशाल चट्टानों ने बहादुर सिंह के घर के एक कमरे और रसोई को पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। हालांकि समय रहते परिवार के पांच सदस्य और पांच नेपाली मजदूर घर से बाहर निकल गए, जिससे बड़ा हादसा टल गया।

बस पर गिरा पेड़, कई राष्ट्रीय राजमार्ग प्रभावित

शिमला में चलती बस पर अचानक पेड़ गिर गया। राहत की बात यह रही कि सभी यात्री सुरक्षित बच गए। वहीं पांवटा-शिलाई और नाहन-कुमारहट्टी राष्ट्रीय राजमार्ग पर कई स्थानों पर भूस्खलन और पत्थर गिरने से यातायात प्रभावित हुआ। कई सड़कों पर मलबा हटाने का कार्य जारी है।

25 लोग बीच धारा में फंसे, तीन घंटे चला रेस्क्यू

कटासन के समीप जलमूषा खड्ड में अचानक जलस्तर बढ़ने से चार गुर्जर परिवारों के 25 लोग बीच धारा में फंस गए। पुलिस, होमगार्ड, फायर ब्रिगेड और प्रशासन की संयुक्त टीम ने करीब तीन घंटे तक चले रेस्क्यू अभियान के बाद सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

फसलों पर मंडराया संकट, स्कूल बंद

लगातार बारिश से मक्की और हरी सब्जियों में सड़न शुरू हो गई है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए पांवटा उपमंडल में 5 और 6 अगस्त को सभी शिक्षण संस्थान बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं।

कांगड़ा, कुल्लू और चंबा में भी असर

कांगड़ा जिले में सपड़ी-खुंडियां-पालमपुर मार्ग पर पहाड़ी दरकने से सड़क बंद हो गई। कुल्लू जिले में भुंतर-बिउंस भाई-भूलंग, कुल्लू-बढ़ई-बागन-पीज और नगलाड़ी-शरची सड़कें यातायात के लिए बंद हैं। चंबा जिले में पांच सड़कें, एक ट्रांसफार्मर और दो पेयजल योजनाएं प्रभावित हुई हैं।

8.32 करोड़ का नुकसान, कई जिलों में भारी बारिश

राज्य में अब तक विभिन्न विभागों को करीब 8.32 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान है। एक मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुआ है और एक गाय की भी मौत हुई है। बीते 24 घंटों में रेणुका में 142 मिमी, नैना देवी में 140.8 मिमी, नाहन में 117.6 मिमी और ऊना में 57 मिमी वर्षा दर्ज की गई।

मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहेगा। लोगों को भूस्खलन संभावित क्षेत्रों, नदी-नालों और पहाड़ी मार्गों पर विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।