Follow Us:

धर्मशाला जेल में कैदियों और स्टाफ में हिंसक झड़प, 8 घायल; क्रॉस एफआईआर दर्ज

धर्मशाला जेल में अस्पताल भेजने को लेकर कैदियों और स्टाफ में बहसबाजी के बाद हिंसक झड़प

झड़प में चार कैदी और चार जेल कर्मचारी घायल, कर्मचारियों को टांडा अस्पताल भेजा गया

धर्मशाला पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायत पर क्रॉस एफआईआर दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू की


धर्मशाला। कांगड़ा के धर्मशाला स्थित लाला लाजपतराय जिला मुक्त एवं सुधार गृह में रविवार दोपहर कैदियों और जेल स्टाफ के बीच हुई बहसबाजी देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। अस्पताल भेजने के लिए गार्द लगाए जाने को लेकर शुरू हुए विवाद के बाद दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। घटना में चार कैदी और चार जेल कर्मचारी घायल हुए हैं। घटना के बाद जेल प्रशासन और पुलिस में हड़कंप मच गया।

जानकारी के अनुसार रविवार दोपहर करीब 12 बजे कुछ कैदियों की ओर से अस्पताल भेजने के लिए गार्द लगाए जाने की मांग को लेकर जेल प्रबंधन से बातचीत चल रही थी। इसी दौरान कैदियों और जेल स्टाफ के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। विवाद बढ़ने के साथ दोनों पक्षों के बीच स्थिति तनावपूर्ण हो गई और मामला मारपीट तक पहुंच गया।

कांच की खिड़की तोड़ने का भी आरोप

झड़प के दौरान कांच की खिड़की तोड़े जाने की बात भी सामने आई है। आरोप है कि कांच टूटने के बाद उसके टुकड़ों से भी एक-दूसरे पर वार किए गए। इससे दोनों पक्षों के कई लोगों को चोटें आईं।

घटना की सूचना मिलते ही धर्मशाला पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभालने के साथ मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल से जुड़े तथ्यों और साक्ष्यों को जुटाना शुरू कर दिया है।

चार जेल कर्मचारी घायल, टांडा भेजे गए

झड़प में घायल जेल कर्मचारियों की पहचान हेड कांस्टेबल राकेश वर्मा, सूरज, अजीत और शिवराम के रूप में हुई है। सभी को उपचार के लिए डॉ. राजेंद्र प्रसाद राजकीय आयुर्विज्ञान महाविद्यालय एवं अस्पताल टांडा भेजा गया है।

वहीं, घटना में घायल हुए कैदियों को जोनल अस्पताल धर्मशाला ले जाया गया। वहां उनका उपचार और मेडिकल करवाया गया। पुलिस ने दोनों पक्षों से मिली शिकायतों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

दोनों पक्षों की शिकायत, क्रॉस एफआईआर दर्ज

धर्मशाला पुलिस के अनुसार घटना को लेकर कैदियों और जेल स्टाफ दोनों पक्षों की ओर से शिकायतें दी गई हैं। शिकायतों के आधार पर पुलिस ने क्रॉस एफआईआर दर्ज कर ली है और मामले की छानबीन की जा रही है।

पुलिस अब घटनास्थल पर मौजूद साक्ष्यों के साथ-साथ सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगालेगी। इससे झड़प की शुरुआत कैसे हुई, किस परिस्थिति में विवाद बढ़ा और मारपीट के दौरान वास्तव में क्या हुआ, इसकी जानकारी जुटाने में मदद मिलेगी।

धर्मशाला थाना पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

दो माह पहले कैदी की मौत से भी चर्चा में रही थी जेल

धर्मशाला की यह जेल करीब दो माह पहले एक कैदी की मौत को लेकर भी चर्चा में रही थी। कैदी की मौत के बाद उसके परिजनों ने उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन कर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की थी।

मृतक कैदी के मामले की जांच फिलहाल न्यायाधीश की ओर से की जा रही है। ऐसे में अब जेल के भीतर कैदियों और स्टाफ के बीच हुई ताजा झड़प ने एक बार फिर जेल की व्यवस्थाओं और सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।

हालांकि, मौजूदा झड़प के वास्तविक कारण और दोनों पक्षों के बीच विवाद किस बात पर बढ़ा, यह पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल पुलिस क्रॉस एफआईआर, मेडिकल रिपोर्ट, घटनास्थल के साक्ष्य और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।