➤ सिरमौर के कमरऊ में मलबे में दबे तीनों मजदूरों के शव बरामद, मंगलवार से चल रहा था सर्च ऑपरेशन
➤ हिमाचल में 178 सड़कें बंद, मानसून में सरकारी और निजी संपत्ति को 1033 करोड़ रुपये का नुकसान
➤ 20-21 अगस्त को बारिश का यलो अलर्ट, 22 अगस्त से कमजोर पड़ेगा मानसून
सिरमौर के बागनाधार स्थित कमरऊ में लैंडस्लाइड के दौरान मलबे और चट्टानों में दबे तीनों मजदूरों के शव बुधवार को बरामद कर लिए गए। हादसा मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे भारी बारिश के दौरान हुआ था।
पहाड़ी से अचानक बड़े-बड़े पत्थर और मलबा गिरने की चपेट में दो ट्रक, एक टिप्पर और तीन मजदूर आ गए थे। हादसे के बाद लगातार बारिश के कारण पहाड़ी से देर रात तक पत्थर गिरते रहे। इस वजह से मंगलवार को रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू नहीं हो सका।
बुधवार सुबह मौसम और परिस्थितियों को देखते हुए दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। शाम करीब छह बजे तक राहत एवं बचाव दल ने मलबे और चट्टानों के बीच से तीनों मजदूरों के शव बरामद कर लिए।
मृतकों की पहचान अनिल पुत्र सानू राम निवासी कमराऊ, धन सिंह पुत्र रूप सिंह निवासी नेपाल और गजेंद्र बहादुर निवासी नेपाल के रूप में हुई है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए नजदीकी अस्पताल भेज दिया गया है।
178 सड़कें बंद, 1033 करोड़ की संपत्ति तबाह
हिमाचल प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। प्रदेश में फिलहाल 178 सड़कें बंद हैं। इस मानसून सीजन में अब तक सरकारी और निजी संपत्ति को करीब 1033 करोड़ रुपये का नुकसान हो चुका है।
अकेले लोक निर्माण विभाग (PWD) को करीब 750 करोड़ रुपये की क्षति होने का आकलन है। बारिश और भूस्खलन के कारण कई स्थानों पर सड़क संपर्क प्रभावित हुआ है।
20 और 21 अगस्त को बारिश का यलो अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार 20 और 21 अगस्त को प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश का दौर जारी रह सकता है। 20 अगस्त को ऊना, हमीरपुर, कांगड़ा, कुल्लू और सिरमौर में यलो अलर्ट जारी किया गया है।
वहीं 21 अगस्त को ऊना, कांगड़ा, मंडी और सिरमौर में भारी बारिश को लेकर यलो अलर्ट की चेतावनी दी गई है।
22 अगस्त से कमजोर पड़ेगा मानसून
मौसम विभाग के अनुसार 22 अगस्त से मानसून कमजोर पड़ सकता है। इसके बाद प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी होने की संभावना है। 24 और 25 अगस्त को प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान है।
सुजानपुर में 156.4 मिमी बारिश
मंगलवार रात प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश दर्ज की गई। सुजानपुर में सबसे ज्यादा 156.4 मिलीमीटर बारिश हुई।
इसके अलावा नयना देवी में 138.6 मिमी, नादौन में 128.4 मिमी, धर्मशाला में 127.2 मिमी, ऊना में 118 मिमी और कांगड़ा में 111 मिमी बारिश दर्ज की गई।
नक्की खड्ड में फंसी गाड़ी, चालक सुरक्षित
कांगड़ा के परागपुर की कलोहा सड़क पर नक्की खड्ड में अचानक जलस्तर बढ़ने से एक गाड़ी फंस गई। तेज बहाव के बीच स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए चालक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
वहीं ऊना के बंगाणा क्षेत्र में भारी बारिश के बाद डुमखर खड्ड भी उफान पर रही। इससे आसपास के क्षेत्रों में लोगों को सतर्क रहने की जरूरत बनी रही।
बंगाणा और नादौन में शिक्षण संस्थान बंद
बारिश के बाद सड़क, रास्तों और नदी-नालों की स्थिति को देखते हुए ऊना जिला प्रशासन ने बंगाणा सब डिवीजन में सभी स्कूल-कॉलेजों में छुट्टी घोषित कर दी।
नादौन क्षेत्र के शिक्षण संस्थानों में भी बारिश और खराब परिस्थितियों को देखते हुए छुट्टी करनी पड़ी।



