➤ 800 कांस्टेबलों की भर्ती प्रक्रिया जल्द शुरू करने का ऐलान
➤ अग्निवीर योजना और मनरेगा बदलाव से रोजगार प्रभावित होने का दावा
➤ कांगड़ा को पर्यटन हब बनाने और युवाओं को रोजगार देने पर जोर
धर्मशाला में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार जल्द ही पुलिस विभाग में 800 कांस्टेबलों की भर्ती करने जा रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध करवाना सरकार की प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि अग्निवीर भर्ती योजना लागू होने के बाद सेना में नियमित नौकरियों के अवसर कम हुए हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि मनरेगा के स्वरूप में किए गए बदलावों से भी रोजगार पर असर पड़ा है और हिमाचल प्रदेश को हर वर्ष लगभग 800 करोड़ रुपये तक के आर्थिक नुकसान की आशंका है।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने मनरेगा मजदूरी 247 रुपये से बढ़ाकर 320 रुपये प्रतिदिन कर दी है। इसके परिणामस्वरूप पिछले वित्त वर्ष में 250 लाख मानव-दिवस के लक्ष्य के मुकाबले 407 लाख मानव-दिवस सृजित किए गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचायतें लोकतंत्र की सबसे मजबूत इकाई हैं और सरकार ग्राम स्वराज के लक्ष्य को मजबूत करने के लिए काम कर रही है। उन्होंने नवनिर्वाचित पंचायत प्रतिनिधियों को जनता और सरकार के बीच महत्वपूर्ण कड़ी बताया।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार वित्तीय अनुशासन और संसाधनों के बेहतर प्रबंधन से अतिरिक्त राजस्व जुटाने में सफल रही है तथा हिमाचल को अगले पांच वर्षों में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य कर रही है।
किशाऊ बांध परियोजना का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार ने परियोजना में हिमाचल के हितों को ध्यान में रखते हुए महत्वपूर्ण सहमति दी है। इससे प्रदेश पर पड़ने वाला लगभग 2,000 करोड़ रुपये का वित्तीय बोझ कम होगा।
पर्यटन विकास पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि गगल एयरपोर्ट विस्तार परियोजना के लिए 2,500 करोड़ रुपये उपलब्ध करवाए गए हैं। इसके पूरा होने पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को बढ़ावा मिलेगा तथा कांगड़ा क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियां तेजी से बढ़ेंगी।
उन्होंने बताया कि 650 करोड़ रुपये की लागत से बनखंडी चिड़ियाघर विकसित किया जा रहा है, जहां दक्षिण अफ्रीका समेत अन्य देशों के वन्यजीव लाए जाएंगे। यह परियोजना प्रदेश में पर्यटन आकर्षण का नया केंद्र बनेगी।



