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एचआरटीसी चालक-परिचालक यूनियन ने सरकार को 9 मार्च रात 12:00 बजे तक का अल्टीमेटम दिया
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लंबित वित्तीय देनदारियों के भुगतान की मांग, ओवरटाइम और अन्य लाभ अब तक नहीं मिले
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मांगें नहीं मानी गईं तो 72 घंटे के लिए प्रदेशभर में बसों का चक्का जाम
HRTC Strike Notice: हिमाचल प्रदेश एचआरटीसी चालक-परिचालक यूनियन ने सरकार को 9 मार्च रात 12:00 बजे तक का अल्टीमेटम दे दिया है। यदि इस अवधि तक उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं, तो यूनियन 72 घंटे के लिए चक्का जाम करेगी। यूनियन का कहना है कि वे लंबे समय से वित्तीय देनदारियों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार अपने वादों को पूरा करने में विफल रही है।
एचआरटीसी चालक-परिचालक संघ के अध्यक्ष मान सिंह ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री ने पीटर हॉफ में 59 करोड़ रुपये के भुगतान की घोषणा की थी, लेकिन तीन महीने बीत जाने के बाद भी ओवरटाइम और अन्य वित्तीय लाभ नहीं मिले हैं। यूनियन ने सरकार और एचआरटीसी प्रबंधन को इस संबंध में नोटिस दे दिया है और चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो हड़ताल की पूरी जिम्मेदारी सरकार और निगम प्रशासन की होगी।
सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप
संघ का कहना है कि सरकार पांच करोड़ रुपये देकर अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं सकती। चालक-परिचालक लंबे समय से अपने लंबित भुगतान का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन उन्हें लगातार आश्वासन के सिवा कुछ नहीं मिला।
यूनियन का सख्त रुख, परिवहन व्यवस्था होगी प्रभावित
एचआरटीसी की हड़ताल से प्रदेशभर में परिवहन सेवाएं ठप हो सकती हैं, जिससे यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। यूनियन ने स्पष्ट किया है कि अगर उनकी मांगे नहीं मानी गईं तो वे 72 घंटे के लिए बसों के पहिए जाम कर देंगे।



