- पापमोचिनी एकादशी व्रत पारण: आज दोपहर 1:41 पीएम से व्रत पारण का शुभ समय।
- गणेश पूजन का महत्व: बुध दोष निवारण के लिए गणपति आराधना करें, हरा वस्त्र और मूंग दान करें।
- पंचांग विवरण: द्वादशी तिथि, धनिष्ठा नक्षत्र, सिद्ध योग, पंचक का प्रारंभ दोपहर 3:14 बजे से।
Papmochani Ekadashi 2025: आज पापमोचिनी एकादशी व्रत के पारण का शुभ दिन है। जो भक्तजन कल इस व्रत का पालन कर रहे थे, वे आज दोपहर 1:41 बजे के बाद पारण कर सकते हैं। वहीं, वैष्णव संप्रदाय के लोग आज व्रत रखेंगे और कल पारण करेंगे। यह व्रत पापों के नाश और मोक्ष प्राप्ति के लिए विशेष माना जाता है।
आज चैत्र कृष्ण पक्ष की द्वादशी तिथि है और धनिष्ठा नक्षत्र विद्यमान है। इस दिन सिद्ध योग भी बना हुआ है, जो कार्यों में सफलता प्रदान करता है। हालांकि, पंचक दोपहर 3:14 बजे से शुरू होगा, लेकिन बुधवार और गुरुवार से प्रारंभ होने वाला पंचक विशेष अशुभ नहीं होता।
बुधवार के दिन गणेश पूजा का विशेष महत्व है। आज के दिन गणपति जी की पूजा करने से बुध ग्रह के दोष समाप्त होते हैं और बुद्धि का विकास होता है। गणेश जी को सिंदूर, दूर्वा, अक्षत, चंदन, धूप, दीप और मोदक अर्पित करें। इसके साथ ही, गणेश चालीसा का पाठ और आरती करने से जीवन की बाधाएं दूर होती हैं। बुध ग्रह की कृपा के लिए हरे वस्त्र, मूंग दाल और हरी सब्जियों का दान करना शुभ माना जाता है।
आज के पंचांग के अनुसार, द्वादशी तिथि रात 1:42 बजे तक रहेगी, जिसके बाद त्रयोदशी तिथि प्रारंभ होगी। धनिष्ठा नक्षत्र भी रात 2:30 बजे तक रहेगा, इसके बाद शतभिषा नक्षत्र लगेगा। सिद्ध योग दोपहर 12:26 बजे तक रहेगा, उसके बाद साध्य योग शुरू होगा। चंद्रमा दोपहर 3:14 बजे तक मकर राशि में रहेगा, फिर कुंभ राशि में प्रवेश करेगा।
शुभ कार्यों के लिए पंचांग और योगों का ध्यान रखते हुए गणेश जी की पूजा करना अत्यंत लाभकारी रहेगा।