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कांगड़ा: दिग्गज कांग्रेस नेताओं ने की बैठक, जयराम सरकार को घेरने की बनाई रणनीति

मृत्युंजय पुरी |

मॉनसून की सर्द हवाओं के बीच कांग्रेस ने कांगड़ा में राजनीतिक आग फूंक दी है। शुक्रवार को कांग्रेस के कई दिग्गज एक साथ नज़र आए औऱ सभी नेताओं में 3 घंटे की बैठक हुई। जिया रेस्ट हाउस में हुई बैठक में आगामी रूपरेखा, पार्टी की रणनीति औऱ सरकार की विफल मुद्दों पर चर्चा हुई। बैठक में सभी नेताओं ने एकजुटता का प्रमाण दिया। वरिष्ठ नेताओं के साथ युवा जोश का ये कॉम्बीनेशन कांग्रेस में काफी चर्चा का विषय हो सकता है।

बैठक में पूर्व मंत्री जीएस बाली, पूर्व राज्यसभा सांसद विप्ल्व ठाकुर,  पूर्व सासंद एवं मंत्री चौधरी चन्द्र कुमार, पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा, कांग्रेस जिला अध्यक्ष अजय महाजन, विधायक पवन काजल, विधायक आशीष बुटेल, पूर्व विधायक संजय रत्न, पूर्व विधायक यादविन्द्र गोमा, पूर्व विधायक जगजीवन पाल, पूर्व विधायक किशोरी लाल, प्रदेश कांग्रेस महासचिव केवल सिंह पठानिया, सुरिंदर मनकोटिया ,कमल किशोर शामिल रहे। सभी कांग्रेस नेताओ ने कांगड़ा से हो रहे भेदभाव होने पर चिंता जाहिर की।

सभी नेताओं ने कांगड़ा से कार्यालयों को स्थांतरित करने पर गुस्सा जाहिर किया।  कांग्रेस ने कहा कि पूर्व कांग्रेस सरकार ने धर्मशाला को दूसरी राजधानी घोषित किया थी लेकिन प्रदेश सरकार ने तीन सालों में धर्मशाला को राजधानी का दर्जा तक नहीं दिया। कांगड़ा से भेदभाव किया जा रहा है औऱ अब जनता का प्रदेश सरकार से मोह भंग हो चुका है। जल शक्ति विभाग में बिना टेंडरों के अपने चेहतों को काम दिया जा रहा है और काम करवाये जा रहे हैं। मौजूदा सरकार अपने पैरों पर नहीं लेकिन RSS की बैसाखियों के सहारे चल रही है।

3 सालों में बीजेपी प्रदेश सरकार ने अगर नाम कमाया है तो घोटालों में ।तीन सालों में विकास कम और घोटाले ज्यादा हुए है। कांग्रेस अब प्रदेश सरकार के काले कारनामो को जनता के सामने लाएगी। 3 सालों में पूर्व कांग्रेस सरकार के किये स्वीकृत विकास कार्यों को भी प्रदेश सरकार पूरा नहीं कर पाई है। जनता को धोखे में रखकर विकास के नाम पर सरकार 3 बार प्रदेश को लोन ले कर गुमराह करती रही। प्रदेश सरकार ब्यौरा दे कि जो लोन सरकार ने उठाये है वे कहां- कहां ख़र्च हुए।

पूर्व मंत्री जीएस बाली ने कहा कि जयराम सरकार कांगड़ा के साथ अनदेखी कर रही है। प्रदेश की दूसरी राजधानी धर्मशाला को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। सरकार को 3 साल का वक़्त देकर देख लिया लेकिन कोई काम ज़मीन पर नहीं हुआ। स्मार्ट सिटी के काम भी नहीं किए जा रहे औऱ बेरोज़गारी , पर्यटन, बाग़वानी, कृषि सब प्रोजेक्ट में इस क्षेत्र को अनदेखा किया जा रहा है । सरकार से ऐसे ही कई मुद्दे पर जवाबदेही ली जाएगी। साथ ही उन्होंने बैठक में शामिल होने वाले सभी नेताओं का धन्यवाद भी किया।