➤ हमीरपुर के पटलांदर में 11वीं के छात्र ने फंदा लगाकर की आत्महत्या
➤ मृतक छात्र की जेब से मिला सुसाइड नोट, स्कूल प्रबंधन पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप
➤ गुस्साए परिजनों ने स्कूल परिसर में किया जोरदार प्रदर्शन, पुलिस ने प्रिंसिपल को हिरासत में लिया
हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के पटलांदर (सुजानपुर) में एक दिल दहला देने वाला सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां डीएवी स्कूल आलमपुर में 11वीं कक्षा में पढ़ने वाले एक 16 वर्षीय छात्र ने स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों की कथित प्रताड़ना से तंग आकर मौत को गले लगा लिया। छात्र का शव उसके किराये के कमरे में फंदे से लटकता हुआ बरामद हुआ है। इस आत्मघाती कदम को उठाने से पहले छात्र ने एक भावुक सुसाइड नोट भी लिखा, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है। सुसाइड नोट में मृतक ने स्कूल प्रशासन पर बेहद गंभीर और चौंकाने वाले आरोप लगाए हैं। छात्र ने लिखा है कि स्कूल में बच्चों को डंडे से बेरहमी से पीटा जाता है, उन्हें मानसिक रूप से परेशान किया जाता है और उनके साथ दुर्व्यवहार होता है। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में भारी तनाव का माहौल है। पुलिस ने परिजनों की शिकायत और सुसाइड नोट के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। आरोपों की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए स्कूल के प्रिंसिपल को हिरासत में ले लिया है और उनसे कई घंटों तक गहन पूछताछ की जा रही है।
मूल रूप से कांगड़ा जिले के भलूंदर का रहने वाला यह परिवार पिछले करीब नौ साल (वर्ष 2017) से पटलांदर में किराये के मकान में रह रहा है। छात्र के पिता एक सेल्समैन के रूप में काम करते हैं, जबकि मां बुटीक चलाकर परिवार की आजीविका में सहयोग करती हैं। रोजमर्रा की तरह सोमवार रात करीब 10 बजे माता-पिता सोने चले गए थे, जबकि बेटा अपने कमरे में पढ़ाई कर रहा था। आशंका जताई जा रही है कि रात 10 से 12 बजे के बीच मानसिक तनाव के चलते छात्र ने अपनी मां की चुनरी का फंदा बनाया और पंखे से लटक गया। देर रात करीब 1 बजे जब मां की अचानक आंख खुली, तो कमरे का दृश्य देखकर उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। बेटे के शव को फंदे पर झूलता देख मां की चीख निकल गई। शोर-शराबा सुनकर आस-पड़ोस के लोग तुरंत मौके पर इकट्ठा हो गए और रात करीब 1:30 बजे सुजानपुर पुलिस को मामले की सूचना दी गई। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
जैसे ही सुबह यह खबर फैली, मृतक के परिजनों, ग्रामीणों और अन्य अभिभावकों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। सैकड़ों की संख्या में आक्रोशित लोग डीएवी स्कूल परिसर पहुंचे और प्रधानाचार्य की तत्काल गिरफ्तारी व सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग को लेकर उग्र प्रदर्शन शुरू कर दिया। स्कूल के बाहर करीब तीन घंटे तक जमकर नारेबाजी और हंगामा हुआ। प्रदर्शन उग्र होता देख भारी पुलिस बल मौके पर तैनात किया गया, जिसने किसी तरह प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर शांत कराया। स्थिति पर नियंत्रण पाने के बाद पैतृक गांव भलूंदर के श्मशानघाट में गमगीन माहौल के बीच छात्र का अंतिम संस्कार कर दिया गया। पुलिस अब सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग की जांच कर रही है और स्कूल के अन्य छात्रों व स्टाफ से भी इस प्रताड़ना के संबंध में पूछताछ करने की तैयारी में है।



