Follow Us:

सात महीने बाद फिर शुरू हुई दिल्ली-शिमला और शिमला-धर्मशाला हवाई सेवा, किराया सुन चौंक जाएंगे आप

सात महीने बाद फिर शुरू हुई दिल्ली-शिमला और शिमला-धर्मशाला हवाई सेवा

शिमला एयरपोर्ट पर पहली उड़ान को दिया गया वॉटर सैल्यूट

नई उड़ानों के साथ किराए में 65 से 96 फीसदी तक बढ़ोतरी


हिमाचल प्रदेश में सात महीने के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार दिल्ली-शिमला और शिमला-धर्मशाला हवाई सेवाएं फिर से शुरू हो गई हैं। सोमवार को Alliance Air की पहली उड़ान के शिमला स्थित Jubbarhatti Airport पहुंचने पर एयरपोर्ट प्रशासन ने विमान को पारंपरिक वॉटर सैल्यूट दिया। इस दौरान एयरपोर्ट स्टाफ ने यात्रियों का फूल देकर स्वागत किया और लंबे समय बाद उड़ान सेवा बहाल होने पर खुशी जाहिर की।

दिल्ली से शिमला पहुंची पहली उड़ान में कुल आठ यात्री सवार थे, जबकि शिमला से धर्मशाला के लिए दो यात्री रवाना हुए। धर्मशाला से शिमला पांच यात्री पहुंचे और शिमला से दिल्ली के लिए पांच यात्रियों ने उड़ान भरी। हालांकि सोमवार सुबह खराब मौसम और कम दृश्यता के कारण विमान को जुब्बड़हट्टी एयरपोर्ट पर लैंडिंग में दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। मौसम में सुधार के बाद उड़ान संचालन सामान्य हो सका।

एलायंस एयर इन रूटों पर ATR-42 (600) विमान का संचालन करेगी। तकनीकी रूप से यह विमान 48 सीटों की क्षमता रखता है, लेकिन शिमला के जुब्बड़हट्टी एयरपोर्ट की भौगोलिक परिस्थितियों, ऊंचाई और छोटे रनवे के कारण इसे सीमित पेलोड के साथ उड़ाना पड़ता है। इसी वजह से दिल्ली से शिमला आने वाली फ्लाइट में लगभग 47 यात्रियों को बैठाया जा सकता है, जबकि शिमला से दिल्ली रवाना होने वाली उड़ान में केवल 24 से 28 यात्रियों को ही अनुमति दी जाएगी।

शिमला-धर्मशाला रूट पर भी मौसम और रनवे की स्थिति को ध्यान में रखते हुए यात्रियों की संख्या सीमित रखी जाएगी। विशेषज्ञों का मानना है कि पहाड़ी क्षेत्रों में विमान संचालन के दौरान सुरक्षा मानकों के कारण यह व्यवस्था जरूरी होती है।

गौरतलब है कि बीते वर्ष 25 सितंबर 2025 को एलायंस एयर और हिमाचल प्रदेश सरकार के बीच हुआ समझौता समाप्त हो गया था। इसके बाद 2 नवंबर 2025 से इन रूटों पर उड़ान सेवाएं बंद कर दी गई थीं। लंबे समय से पर्यटन कारोबार से जुड़े लोग और स्थानीय नागरिक इन सेवाओं की बहाली की मांग कर रहे थे। अब उड़ानें दोबारा शुरू होने से पर्यटन उद्योग, होटल कारोबार और व्यापारिक गतिविधियों को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

हालांकि हवाई सेवाएं बहाल होने के साथ किराए में भारी बढ़ोतरी भी देखने को मिली है। दिल्ली-शिमला रूट पर टिकट का किराया करीब 4500 रुपये से बढ़कर 7441 रुपये पहुंच गया है। वहीं शिमला-धर्मशाला रूट पर किराया 2100 रुपये से बढ़कर 4125 रुपये हो गया है। किराए में 65 से 96 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी से यात्रियों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ सकता है।

पर्यटन कारोबारियों का कहना है कि उड़ान सेवाओं की बहाली से निश्चित तौर पर पर्यटकों की आवाजाही बढ़ेगी, लेकिन अधिक किराया यात्रियों की संख्या को प्रभावित भी कर सकता है। इसके बावजूद प्रदेश में हवाई संपर्क बहाल होने को पर्यटन और कनेक्टिविटी के लिहाज से बड़ी राहत माना जा रहा है।