➤ बद्दी-चंडीगढ़ रोड पर विकसित होगा नया प्लांड शहर
➤ 20 हजार बीघा में बसेगी टाउनशिप, आधा क्षेत्र रहेगा हरित
➤ रोजगार, शिक्षा और कारोबार का बनेगा बड़ा केंद्र
हिमाचल प्रदेश में अब तीसरे चंडीगढ़ की तर्ज पर एक नया आधुनिक शहर बसाया जाएगा। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में ‘हिम चंडीगढ़’ परियोजना को मंजूरी दे दी गई है। यह शहर बद्दी-चंडीगढ़ रोड पर शीतलपुर क्षेत्र में विकसित होगा।
सरकार इसे केवल आवासीय शहर नहीं, बल्कि वर्ल्ड क्लास रेजिडेंशियल सिटी और कॉमर्शियल हब के रूप में विकसित करेगी, जहां नौकरी, कारोबार और शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध होंगे।
20 हजार बीघा जमीन पर बनने वाली इस टाउनशिप में 10 हजार बीघा क्षेत्र पूरी तरह ग्रीन ज़ोन रहेगा। सरकार का दावा है कि जंगलों को नुकसान नहीं पहुंचाया जाएगा। अब तक 3400 बीघा जमीन हाउसिंग विभाग के नाम हो चुकी है और लैंड पूलिंग मॉडल के तहत अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है।
इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट पर 35 से 50 हजार करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है। मास्टर प्लान और डीपीआर तैयार करने के लिए जल्द कंसल्टेंट नियुक्त किए जाएंगे। यह राशि चरणबद्ध तरीके से खर्च की जाएगी।
हिम चंडीगढ़ मुख्य चंडीगढ़ शहर से करीब 30 किलोमीटर दूर होगा। इसे बद्दी-चंडीगढ़ रेल लाइन से जोड़ने का भी प्रस्ताव है, जिससे हिमाचल, पंजाब और चंडीगढ़ के बीच औद्योगिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी।
सरकार का तर्क है कि बड़ी संख्या में युवा नौकरी, पढ़ाई और बेहतर जीवनशैली के लिए चंडीगढ़, मोहाली और पंचकूला की ओर पलायन कर रहे हैं। हिम चंडीगढ़ बनने से युवाओं को अपने ही प्रदेश में अवसर मिलेंगे।
हालांकि, शीतलपुर, बद्दी, मालपुर, दासोमाजरा और कल्याणपुर के स्थानीय लोग परियोजना का विरोध कर रहे हैं। उनका आरोप है कि जबरन जमीन ली जाएगी और जंगल नष्ट होंगे। इस पर हाउसिंग मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि बातचीत से समाधान निकाला जाएगा और किसी के साथ अन्याय नहीं होगा।



