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ऐतिहासिक लिदबड़ मेले को जिला से राज्य स्तरीय मेला घोषित किया गया
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विधायक आर.एस. बाली ने इसे स्वर्गीय जी.एस. बाली के विजन की जीत बताया
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24 से 28 मार्च तक नगरोटा बगवां में भव्य आयोजन की तैयारी
Lidbar Fair Nagrota Bagwan: नगरोटा बगवां की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को नया गौरव प्राप्त हुआ है। हिमाचल प्रदेश सरकार ने ऐतिहासिक लिदबड़ मेले को जिला स्तरीय से राज्य स्तरीय मेला घोषित कर दिया है, जो नगरोटा बगवां वासियों के लिए गर्व और हर्ष का विषय है। यह उपलब्धि न केवल इस क्षेत्र के इतिहास में स्वर्णिम अध्याय जोड़ती है, बल्कि इसे विकास पुरुष स्वर्गीय जी.एस. बाली के दूरदर्शी सपनों की सार्थकता का प्रमाण भी बनाती है।
नगरोटा बगवां के विधायक आर.एस. बाली ने इस महत्वपूर्ण घोषणा के लिए प्रदेश सरकार का आभार जताया और क्षेत्रवासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह निर्णय न केवल नगरोटा बगवां की सांस्कृतिक धरोहर का सम्मान करता है, बल्कि यह दिवंगत नेता जी.एस. बाली के अथक प्रयासों और विजन की भी जीत है।
जी.एस. बाली का सपना हुआ साकार
आर.एस. बाली ने कहा कि उनके पिता, स्वर्गीय जी.एस. बाली, ने हमेशा इस क्षेत्र के विकास और सांस्कृतिक पहचान को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का सपना देखा था। आज, जब यह मेला पूरे राज्य में अपनी अलग पहचान बनाने जा रहा है, तो यह जी.एस. बाली के सपनों को साकार करने जैसा है।
उन्होंने आगे कहा, “यह केवल एक मेला नहीं, बल्कि नगरोटा बगवां की सांस्कृतिक धरोहर और जनभावनाओं का सम्मान है। जी.एस. बाली जी ने जिस तरह इस क्षेत्र के विकास के लिए अपना जीवन समर्पित किया, आज उनकी विरासत को आगे बढ़ाते हुए, यह निर्णय नगरोटा बगवां को नई ऊंचाइयों पर ले जाने में मील का पत्थर साबित होगा।”
24 मार्च से 28 मार्च तक होगा भव्य आयोजन
इस वर्ष लिदबड़ मेले का आयोजन 24 से 28 मार्च तक नगरोटा बगवां में किया जा रहा है। इस दौरान पारंपरिक सांस्कृतिक कार्यक्रम, खेलकूद प्रतियोगिताएं, स्थानीय कलाकारों के प्रदर्शन, और भव्य झांकियां आयोजित की जाएंगी। यह मेला अब और भी भव्य रूप में आयोजित किया जाएगा, जिससे नगरोटा बगवां न केवल प्रदेश बल्कि पूरे देश में अपनी एक अलग पहचान बनाएगा।
नगरोटा बगवां के लिए यह मेला गर्व, परंपरा और विकास का प्रतीक बनकर उभरेगा और स्वर्गीय जी.एस. बाली के अधूरे सपनों को साकार करेगा।



