➤ मंडी में बादल फटने से तीन की मौत, 25 लोग लापता
➤ 261 सड़कों पर यातायात बंद, स्कूल-कॉलेज बंद
➤ रेस्क्यू अभियान जारी, ब्यास नदी का जलस्तर बढ़ा
विपलव सकलानी, मंडी
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में सोमवार रात से जारी मूसलधार बारिश और बादल फटने की घटनाओं ने भीषण तबाही मचा दी है। अब तक की जानकारी के अनुसार तीन लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है और 25 लोग लापता बताए जा रहे हैं।
करसोग के पुराना बाजार, कुट्टी, बरल, ममेल और भ्याल क्षेत्रों में फ्लैश फ्लड से कई घर और वाहन बह गए हैं। प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीमें लगातार रेस्क्यू अभियान चला रही हैं। करसोग के डीएसपी तरनजीत सिंह ने बताया कि कई जगह मलबा हटाया जा रहा है और लापता लोगों की तलाश जारी है।
गोहर उपमंडल के स्यांज नाले में भी एक घर पूरी तरह बह गया। यहां मां-बेटी को बचा लिया गया, लेकिन परिवार के अन्य सदस्य अब भी लापता हैं। धर्मपुर की मंडप तहसील में भी भारी बाढ़ से नुकसान हुआ है।
बारिश के चलते मंडी जिले में 261 सड़कों पर यातायात पूरी तरह बंद है और प्रशासन ने सभी स्कूल और कॉलेज बंद कर दिए हैं। लगातार बढ़ते खतरे को देखते हुए सेना और एनडीआरएफ की टीमें तैनात कर दी गई हैं।
इस बीच पंडोह डैम का जलस्तर भी तेजी से बढ़कर 2922 फीट तक पहुंच गया है जबकि खतरे का निशान 2941 फीट पर है। ब्यास नदी में डेढ़ लाख क्यूसेक से ज्यादा पानी छोड़ा गया है।
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में और तेज बारिश की चेतावनी दी है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नदी-नालों और पहाड़ी ढलानों से दूर रहें और पूरी सतर्कता बरतें।



