➤ आज शुक्रवार व्रत और लक्ष्मी पूजा का विशेष महत्व
➤ पूरे दिन रवि योग में सूर्य और लक्ष्मी उपासना करें
➤ शुभ मुहूर्त और अशुभ समय जानकर कार्य करें
आज शुक्रवार का दिन व्रत और लक्ष्मी पूजा के लिए अत्यंत शुभ माना गया है। आषाढ़ शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि है, जो शाम 04:31 बजे तक रहेगी, इसके बाद दशमी तिथि प्रारंभ होगी। आज चित्रा नक्षत्र भी 04:50 बजे शाम तक रहेगा, इसके बाद स्वाति नक्षत्र का आरंभ होगा।
पूरे दिन रवि योग का संयोग बना है, जिसमें सूर्य देव की पूजा विशेष फलदायी मानी जाती है। इस योग में सूर्य देव को जल अर्पित करें और सूर्य से जुड़ी वस्तुओं जैसे गेहूं, तांबे, लाल वस्त्र का दान करें। ऐसा करने से उन्नति, धन-धान्य में वृद्धि और मानसिक शांति का लाभ होगा।
आज शुक्रवार के दिन सूर्यास्त के बाद माता लक्ष्मी की पूजा करें। उनको सफेद मिठाई, मखाने की खीर, बताशे का भोग लगाकर पीली कौड़ियां अर्पित करें और पूजा उपरांत कौड़ियों को तिजोरी या धन रखने के स्थान पर रख दें। इससे धन में बढ़ोतरी के योग बनेंगे।
शुक्रवार व्रत कथा, श्रीसूक्त और कनकधारा स्तोत्र का पाठ अवश्य करें। शुक्र ग्रह को मजबूत करने के लिए सफेद या गुलाबी कपड़े पहनें, इत्र का प्रयोग करें और सफेद वस्त्र, मोती, शक्कर, सौंदर्य सामग्री आदि का दान करें। इससे सुख-सुविधाएं बढ़ेंगी और वैवाहिक जीवन सुखद रहेगा।
आज के शुभ मुहूर्त और योग:
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ब्रह्म मुहूर्त: 04:07 एएम – 04:48 एएम
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अभिजीत मुहूर्त: 11:58 एएम – 12:53 पीएम
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विजय मुहूर्त: 02:45 पीएम – 03:40 पीएम
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रवि योग: पूरे दिन
दिन का शुभ चौघड़िया:
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चर: 05:28 एएम – 07:12 एएम
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लाभ: 07:12 एएम – 08:57 एएम
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अमृत: 08:57 एएम – 10:41 एएम
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शुभ: 12:26 पीएम – 02:10 पीएम
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चर: 05:39 पीएम – 07:23 पीएम
रात का शुभ चौघड़िया:
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लाभ: 09:54 पीएम – 11:10 पीएम
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शुभ: 12:26 एएम – 01:41 एएम (5 जुलाई)
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अमृत: 01:41 एएम – 02:57 एएम (5 जुलाई)
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चर: 02:57 एएम – 04:13 एएम (5 जुलाई)
अशुभ समय:
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राहुकाल: 10:41 एएम – 12:26 पीएम
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यमगण्ड: 03:54 पीएम – 05:39 पीएम
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गुलिक काल: 07:12 एएम – 08:57 एएम
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दुर्मुहूर्त: 08:15 एएम – 09:11 एएम, 12:53 पीएम – 01:49 पीएम
दिशाशूल: पश्चिम दिशा में यात्रा से बचें।
चंद्र राशि: तुला
सूर्योदय: 05:28 एएम
सूर्यास्त: 07:23 पीएम
चंद्रोदय: 01:47 पीएम
चंद्रास्त: 12:57 एएम (5 जुलाई)
शिववास: गौरी के साथ 04:31 पीएम तक, उसके बाद सभा में
आज का दिन व्रत, दान और साधना के लिए विशेष रूप से अनुकूल है। शुभ मुहूर्त का पालन कर अपने कार्य आरंभ करें और अशुभ समय में महत्वपूर्ण निर्णय न लें।



