➤ कंगना रनौत मंडी में बाढ़ प्रभावितों से मिलने पहुंचीं महिला ने फोटो खिंचवाने का आरोप लगाया
➤ महिला बोली अब सिर्फ फोटो खिंचाने आई हो क्या मदद कब होगी
➤ कंगना ने कहा मेरे पास कैबिनेट नहीं राहत पैकेज लाऊंगी पर कांग्रेस सरकार डकार जाएगी
मंडी जिले में बाढ़ से तबाही के बीच राहत सामग्री से ज्यादा फोटो और प्रचार पर सियासत गरमा गई है। मंडी से सांसद कंगना रनौत के आपदा दौरे पर पहुंचते ही एक स्थानीय महिला ने उनका कड़ा विरोध किया और सिर्फ फोटो खिंचवाने का आरोप लगाया।
मंडी जिले के सराज क्षेत्र में जब कंगना बाढ़ पीड़ितों से बातचीत कर रही थीं, तभी एक बुजुर्ग महिला ने बेहद तल्ख लहजे में कहा- “अब सिर्फ फोटो खिंचाने आई हो क्या? ऐसा थोड़ी होता है कि 2 आदमी पकड़ो, फोटो खिंचाओ और चलते बनो।”

महिला ने बेहद भावुक होकर कहा कि लोग जान बचाने की जद्दोजहद में हैं और नेता प्रचार कर रहे हैं।कंगना ने जवाब में कहा—“सारे लोग कंगना-कंगना बोलते रहते हैं। मेरे पास कौन सी कोई कैबिनेट है? मेरे पास मेरे दो भाई हैं, जो मेरे साथ चलते रहते हैं। न कोई राहत कोष आता है। मैं स्पेशल पैकेज लाऊंगी, लेकिन कांग्रेस सरकार डकार जाएगी।”
मंडी में 30 जून की रात से अब तक 16 बादल फटने की घटनाएं हो चुकी हैं। 14 लोग जान गंवा चुके, 28 लोग अब भी लापता हैं। कई पुल बह गए और सैकड़ों घर मलबे में तब्दील हो चुके हैं। इन हालात में कंगना रनौत के दौरे पर पहले ही सवाल उठ रहे थे।
यही वजह रही कि सोशल मीडिया पर उन्हें ट्रोल भी किया गया। पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा था—“मैं इस पर टिप्पणी नहीं करूंगा।” जवाब में कंगना ने कहा था—“मुझे सलाह दी गई थी कि सड़कें बहाल होने तक इंतजार करूं।”
पिछले साल भी कंगना तब विवाद में आईं जब शिमला और मंडी में तबाही के बाद कई दिन तक वो बाढ़ प्रभावित इलाकों में नहीं पहुंचीं। तब भी उन्होंने कहा था कि प्रशासन ने उन्हें न आने की सलाह दी थी।
अब एक बार फिर फोटो सेशन के आरोपों ने कंगना को कटघरे में खड़ा कर दिया है। पीड़ितों में गुस्सा है कि सियासत के शोर में उनकी तकलीफ कहीं दबती जा रही है।



