➤ अब छठी से 12वीं तक पढ़ाएंगे प्रवक्ता (स्कूल न्यू), शिक्षा निदेशालय ने दिए निर्देश
➤ केवल 11वीं-12वीं तक सीमित करना आरएंडपी नियमों का उल्लंघन, स्पष्ट की नियुक्ति शर्तें
➤ NEP 2020 के तहत विषय विशेषज्ञता का होगा पूर्ण उपयोग, सभी स्कूलों को सख्ती से पालन के आदेश
हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में अब प्रवक्ता (स्कूल न्यू) कक्षा छठी से 12वीं तक के छात्रों को पढ़ाएंगे। प्रदेश विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने इस संबंध में स्पष्ट आदेश जारी करते हुए सभी वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों को निर्देश दिए हैं कि प्रवक्ता (Lecturer School New) को केवल कक्षा 11वीं और 12वीं तक ही सीमित न रखा जाए। आरएंडपी नियमों और शिक्षा कोड के अनुसार यह नियम पहले से लागू है, परंतु विद्यालयों में इसका पालन नहीं हो रहा था।
निदेशालय ने पाया कि कई संस्थानों में प्रवक्ताओं को केवल उच्च कक्षाओं (11वीं और 12वीं) तक सीमित कर दिया गया है, जो कि न तो नियुक्ति नियमों के अनुसार है और न ही शैक्षणिक गुणवत्ता के लिए उचित। निर्देशों में यह दोहराया गया है कि प्रवक्ता (स्कूल न्यू) को कक्षा छठी से लेकर 10वीं तक के छात्रों को भी पढ़ाने की जिम्मेदारी दी जा सकती है, यदि उनकी विषय विशेषज्ञता और योग्यता उस स्तर पर उपयुक्त हो।
आरएंडपी नियमों के अनुसार, प्रवक्ता (स्कूल न्यू) कक्षा 11वीं व 12वीं में पोस्ट ग्रेजुएट विषय पढ़ाने के साथ-साथ, कक्षा 6वीं से 10वीं तक स्नातक स्तर के विषय पढ़ाने के लिए भी पात्र होते हैं। विद्यालय के प्रधानाचार्य को यह अधिकार प्राप्त है कि वे संस्थागत आवश्यकता के अनुसार शिक्षण कार्य का विभाजन करें।
इस कदम को राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के उद्देश्यों से भी जोड़ा गया है, जिसके तहत लचीलापन, एकीकृत संसाधन नियोजन और विषय विशेषज्ञता का अधिकतम उपयोग करते हुए शिक्षण प्रक्रिया को सुदृढ़ बनाना मुख्य लक्ष्य है।
निदेशालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि नियमों से कोई भी विचलन, यदि बिना ठोस कारण किया गया, तो उस पर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। सभी स्कूलों को तुरंत प्रभाव से यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि प्रवक्ता (स्कूल न्यू) को उनकी पूर्ण शैक्षणिक क्षमता के अनुसार कक्षा 6 से 12 तक पढ़ाने की जिम्मेदारी दी जाए ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक परिणाम और समान अवसर मिल सकें।



