➤ राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने दिल्ली में की पीएम मोदी से मुलाकात
➤ आपदा राहत, विकास योजनाएं और नशामुक्ति अभियान पर हुई चर्चा
➤ काशी घोषणा-पत्र के प्रभावी कार्यान्वयन की दी जानकारी
हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने आज नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से शिष्टाचार भेंट की। इस मुलाकात के दौरान उन्होंने राज्य में विकास योजनाओं, आपदा से हुए नुकसान और नशामुक्त हिमाचल अभियान की विस्तार से जानकारी प्रधानमंत्री को दी। राज्यपाल ने प्रधानमंत्री को अवगत करवाया कि राज्य में मानसून के चलते आई आपदा से कई जिलों में जन-धन की भारी क्षति हुई है। विशेष रूप से मंडी जिले में बीती रात बादल फटने की घटना ने कई घरों, खेतों और सड़कों को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने बताया कि 30 जून की रात 15 स्थानों पर बादल फटने से राज्य में व्यापक नुकसान हुआ है।
राज्यपाल ने प्रधानमंत्री को बताया कि हिमाचल सरकार और प्रशासन राहत कार्यों में जुटा है, लेकिन केंद्र की सहायता के बिना हालात सामान्य करना कठिन है। इस पर प्रधानमंत्री मोदी ने उन्हें आश्वस्त किया कि केंद्र सरकार आपदा प्रभावित क्षेत्रों को हरसंभव सहायता प्रदान करेगी और हिमाचल की जनता के साथ हर कदम पर खड़ी रहेगी।
राज्यपाल ने इस दौरान प्रधानमंत्री को प्रदेश में चल रहे नशामुक्त हिमाचल अभियान की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नशे के खिलाफ जन-जागरूकता को पंचायत स्तर तक पहुंचाया जा रहा है और युवाओं को इससे जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। राज्यपाल ने हाल ही में उत्तर प्रदेश के काशी में आयोजित “नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत” सम्मेलन की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन भारत को 2047 तक नशामुक्त समाज बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
राज्यपाल ने बताया कि सम्मेलन के दौरान जारी “काशी घोषणा-पत्र” में नशे को केवल एक कानून व्यवस्था की समस्या नहीं, बल्कि एक सामाजिक व सार्वजनिक स्वास्थ्य संकट के रूप में पहचानने पर जोर दिया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि इस घोषणा-पत्र को हिमाचल में प्रभावी तरीके से लागू किया जाएगा ताकि नशे के खिलाफ राज्य को एक उदाहरण बनाया जा सके।



