Follow Us:

हिमाचल में बादल फटने का मंजर देखने धर्मपुर पहुंची केंद्रीय टीम

बादल फटने के नुकसान का आकलन करने मंडी पहुंची केंद्रीय टीम
स्याठी गांव में टूटे 8 घर, धर्मपुर कॉलेज, पेयजल योजना और पावर प्लांट को भी नुकसान
कल टीम जाएगी थुनाग और करसोग; अमित शाह के दौरे की भी संभावना


हिमाचल प्रदेश में बादल फटने से हुए भीषण नुकसान के आकलन के लिए केंद्र सरकार की सात सदस्यीय उच्च स्तरीय टीम आज मंडी जिले के धर्मपुर विधानसभा क्षेत्र पहुंची। टीम ने सबसे पहले 30 जून को स्याठी गांव में हुए भीषण हादसे का निरीक्षण किया, जहां बादल फटने से 8 घर पूरी तरह तबाह हो गए थे। गांव के पीड़ितों ने टीम को नुकसान की विस्तार से जानकारी दी।

टीम ने इसके बाद धर्मपुर कॉलेज के पास क्षतिग्रस्त सड़क, कांडापतन की पेयजल योजना और 33 केवी पावर प्लांट का भी दौरा किया। डीसी मंडी अपूर्व देवगन ने टीम को हर जगह नुकसान की तकनीकी और व्यावहारिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। विधायक चंद्रशेखर भी मौके पर मौजूद रहे।

केंद्रीय टीम में गृह मंत्रालय से लेकर कृषि मंत्रालय तक के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं, जिनमें संयुक्त सचिव जी. पार्थसारथी, उप सचिव कंदर्प वी. पटेल, निर्देशक वसीम अशरफ, उप निदेशक करन सरीन, मुख्य अभियंता ए.के. कुशवाहा, अवर सचिव दीप शेखर सिंघल, और संयुक्त निदेशक डॉ. विक्रांत सिंह प्रमुख हैं।

टीम ने धर्मपुर में आपदा प्रभावित इलाकों तक पैदल जाकर स्थिति का जायजा लिया। टीम अब मंडी लौट चुकी है और कल थुनाग, जंजैहली और करसोग जैसे अन्य बुरी तरह प्रभावित इलाकों का निरीक्षण करेगी।

इस बीच यह भी संकेत मिला है कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह स्वयं हिमाचल आ सकते हैंमुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने मीडिया को बताया कि शाह ने खुद आपदा क्षेत्रों के दौरे का आश्वासन दिया है। यदि वे आते हैं, तो विशेष राहत पैकेज की भी घोषणा संभव मानी जा रही है।

गौरतलब है कि सिराज विधानसभा क्षेत्र में एक ही रात में 12 जगह बादल फटे, जिससे 800 से ज्यादा घर क्षतिग्रस्त हुए हैं। करसोग, नाचन और धर्मपुर में भी भयंकर तबाही हुई है।