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बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाने का निर्णय
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बेदखली के विरोध में आंदोलन, भूमिहीनों को 2 विरवा भूमि देने की मांग
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नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ संघर्ष और जन जागरूकता अभियान की घोषणा
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वेतन और भत्तों में बढ़ोतरी का विरोध, 28 अप्रैल को जन रैली का आयोजन
CPIM Protest Against Evictions: भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) की सदर लोकल कमेटी की बैठक आज ताराचंद भवन में संपन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ नेता रमेश गुलेरिया ने की, जबकि संचालन सुरेश सरवाल ने किया। बैठक में कई अहम मुद्दों पर चर्चा की गई और सरकार की नीतियों की आलोचना की गई।
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने मंडी सदर क्षेत्र में बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार के खिलाफ एक जागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही, बेदखली के खिलाफ भी पार्टी व्यापक आंदोलन करेगी। माकपा ने सरकार से मांग की है कि जिनके पास भूमि नहीं है, उन्हें मकान बनाने के लिए 2 विरवा भूमि दी जाए और जबरन बेदखली न की जाए।
बैठक में प्रदेश में बढ़ते नशे के अवैध कारोबार को लेकर भी चिंता जताई गई और इसे रोकने के लिए जन जागरूकता अभियान चलाने का फैसला किया गया। खासतौर पर, चिट्टे जैसी घातक नशीली चीजों के खिलाफ कड़ा संघर्ष छेड़ने की बात कही गई।
इसके अलावा, माकपा ने विधायकों और मंत्रियों के वेतन-भत्तों में बढ़ोतरी का विरोध किया। पार्टी ने आरोप लगाया कि सरकार आर्थिक तंगी का हवाला देकर कर्मचारियों, बेरोजगारों और महिलाओं के लिए धन की कमी की बात करती है, लेकिन विधायकों के वेतन और भत्ते बढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ रही। माकपा ने इस फैसले की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए इसके खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने की घोषणा की।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि 28 अप्रैल को मंडी सदर में बेदखली के खिलाफ व्यापक आंदोलन और जन रैली आयोजित की जाएगी। इस अवसर पर बिना वैद्य, गोपेंद्र, सुनीता, रीना, विनय, दीपक, पोविंदर सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।



