➤ राज्य के मेडिकल कॉलेजों में 53 असिस्टेंट प्रोफेसर सहित 174 पद भरने, 600 स्टाफ नर्स पद सृजित
➤ सुख-आश्रय योजना का विस्तार, शिक्षा-ऊर्जा-रियल एस्टेट-डेयरी-चरवाहा रोजगार पर बड़े फैसले
➤ नई टाउनशिप, इंजीनियरिंग कॉलेज FEM मॉडल, स्टार्ट-अप बस अनुदान और 892 करोड़ की आपदा परियोजना को मंजूरी
राज्य मंत्रिमंडल ने प्रदेश के सभी चिकित्सा महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के 53 पद और टीचिंग-नॉन टीचिंग व पैरामेडिकल स्टाफ के 121 पद भरने का निर्णय लिया। इसके अतिरिक्त असिस्टेंट स्टाफ नर्सिंग पॉलिसी के तहत हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग हमीरपुर के माध्यम से 600 असिस्टेंट स्टाफ नर्स पद सृजित करने को मंजूरी दी गई।
बैठक में एमडी और एमएस योग्यता प्राप्त फैकल्टी डॉक्टरों को बेसिक पे का 20 प्रतिशत इंसेंटिव देने का भी निर्णय लिया गया।
जल शक्ति विभाग में जॉब ट्रेनी और जूनियर इंजीनियर (सिविल) के 40 पद, जबकि ग्रामीण विकास विभाग में खंड विकास अधिकारी के 10 पद सीधे भर्ती से भरने की स्वीकृति दी गई।
इसके साथ ही 100 चिन्हित सीबीएसई स्कूलों के लिए भर्ती, प्रशिक्षण, कार्यकाल और प्रदर्शन मूल्यांकन मानकों सहित समर्पित सब-कैडर बनाने को मंजूरी प्रदान की गई।
मंत्रिमंडल ने धर्मशाला के टोंग-लेन स्कूल में नामांकित बच्चों तथा जिनके एक या दोनों अभिभावक 70 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांग हैं, उन्हें मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना में शामिल करने का निर्णय लिया।
इसके अलावा एक अभिभावक की मृत्यु और दूसरे द्वारा परित्याग किए गए बच्चों को भी योजना के दायरे में लाया गया।
बैठक में शीतलपुर (हिमाचल-चंडीगढ़ सीमा) पर विश्व स्तरीय टाउनशिप विकसित करने की मंजूरी दी गई।
रियल एस्टेट सेक्टर को प्रोत्साहन, पारदर्शिता और त्वरित विवाद निपटारे के लिए हिमाचल प्रदेश रियल एस्टेट (रेगुलेशन एंड डेवलपमेंट) रूल्स-2017 के नियम-3 में संशोधन को स्वीकृति दी गई।
ऊना जिले के पालकवाह खास स्थित भवन एवं अन्य सन्निर्माण कल्याण बोर्ड की स्किल डेवलपमेंट बिल्डिंग को एसडीआरएफ के उपयोग हेतु स्थानांतरित करने की मंजूरी दी गई।
मंत्रिमंडल ने हिमालयी पारिस्थितिकी तंत्र में चरवाहों की लचीली आजीविका के लिए विशेष परियोजना को मंजूरी दी।
इस परियोजना का उद्देश्य ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करना, पारिस्थितिक संतुलन बनाए रखना, चरवाहा प्रथाओं का आधुनिकीकरण, स्वदेशी नस्लों का संरक्षण और बाजार संबंध मजबूत करना है।
चरवाहों और पशुधन की सुचारू आवाजाही के लिए नया कानून लाया जाएगा और समस्त वन भूमि व घास के मैदान चरावाह पशुओं के लिए खोले जाएंगे।
मिल्कफेड और राष्ट्रीय दुग्ध विकास बोर्ड द्वारा नाहन, नालागढ़, मोहाल, रोहड़ू में दूध प्रसंस्करण संयंत्र, हमीरपुर के जलाड़ी में मिल्क चिलिंग सेंटर, ऊना के झलेड़ा में बल्क मिल्क कूलर तथा करसोग व पांगी में अधोसंरचना स्थापित करने का निर्णय लिया गया।
इसके साथ 2025-26 व 2026-27 के लिए 60 करोड़ रुपये की कैश क्रेडिट लिमिट मंजूर की गई।
दूध उपकर के लिए अलग खाता खोलने का निर्णय लिया गया ताकि किसानों को समय पर भुगतान हो सके।
तकनीकी शिक्षा निदेशालय के अंतर्गत सभी पांच सरकारी इंजीनियरिंग कॉलेजों में एप्लाइड साइंसेज व ह्यूमैनिटीज के पदों को फंक्शनल इक्विवेलेंस मॉडल (FEM) के तहत कार्यात्मक रूप से इंटरचेंजेबल माना जाएगा।
साथ ही बिलासपुर के घुमारवीं में पीपीपी मोड पर मल्टीडिसिप्लिनरी इंस्टीट्यूट ऑफ इनोवेशन, स्किल, टेक्नोलॉजी, एंटरप्रेन्योरशिप एंड रिसर्च यूनिवर्सिटी स्थापित करने की मंजूरी दी गई।
मंत्रिमंडल ने हिमाचल प्रदेश भूमि संरक्षण अधिनियम-1978 में संशोधन को स्वीकृति दी, जिससे प्राकृतिक आपदा या रोग से सूखे चीड़ के पेड़ों का नियमानुसार कटान संभव होगा।
इसके अतिरिक्त राजीव गांधी लघु दुकानदार सुख कल्याण योजना (शहरी) में संशोधन कर एनपीए घोषित ऋणों पर अधिकतम एक लाख रुपये तक ओटीएस सहायता देने का निर्णय लिया गया।
पिछड़ा वर्ग आयोग मुख्यालय को शिमला से धर्मशाला स्थानांतरित करने, इंदौरा के मलोट में नशा मुक्ति केंद्र, तथा मुख्यमंत्री लोक भवन योजना के तहत निर्माणाधीन लोक भवनों को रियायत देने की मंजूरी दी गई।
स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति-2021 में संशोधन कर 25 मेगावाट तक की परियोजनाओं को 12 प्रतिशत निःशुल्क बिजली व 1 प्रतिशत एलएडीएफ का लाभ देने का निर्णय लिया गया, हालांकि यह छूट चालू परियोजनाओं व पहले से पीपीए निष्पादित परियोजनाओं पर लागू नहीं होगी।
इसके अलावा एसजेवीएनएल की नाथपा-झाकड़ी व रामपुर परियोजनाओं में इक्विटी ऊर्जा हिस्सेदारी पुनः राज्य सरकार को देने की स्वीकृति दी गई।
मंत्रिमंडल ने शिक्षा विभाग में 28 आश्रितों को अनुकंपा रोजगार, घुमारवीं क्षेत्र में आधुनिक वाणिज्यिक परिसरों, 892 करोड़ की आपदा न्यूनीकरण परियोजना, तथा राजीव गांधी स्वरोजगार स्टार्ट-अप योजना के तहत 18-42 सीटर बसों पर अनुदान को भी मंजूरी प्रदान की।
कैबिनेट बैठक के मुख्य निर्णय – संक्षिप्त प्वाइंटर्स 👇
➤ राज्य के सभी मेडिकल कॉलेजों में 53 असिस्टेंट प्रोफेसर सहित 174 टीचिंग, नॉन-टीचिंग व पैरामेडिकल पद भरने का निर्णय
➤ हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग के माध्यम से 600 असिस्टेंट स्टाफ नर्स पद सृजित करने को मंजूरी
➤ एमडी व एमएस योग्यता प्राप्त फैकल्टी डॉक्टरों को बेसिक पे का 20% इंसेंटिव देने का फैसला
➤ जल शक्ति विभाग में 40 जॉब ट्रेनी व जूनियर इंजीनियर (सिविल) पद भरने की स्वीकृति
➤ ग्रामीण विकास विभाग में 10 खंड विकास अधिकारी पद सीधे भर्ती से भरने का निर्णय
➤ 100 चिन्हित सीबीएसई स्कूलों के लिए समर्पित सब-कैडर बनाने को मंजूरी
➤ दिव्यांग अभिभावकों व परित्यक्त बच्चों को मुख्यमंत्री सुख-आश्रय योजना में शामिल करने का निर्णय
➤ शीतलपुर (हिमाचल-चंडीगढ़ सीमा) पर विश्व स्तरीय टाउनशिप विकसित करने की मंजूरी
➤ रियल एस्टेट नियमों में संशोधन कर पारदर्शिता व त्वरित विवाद निपटान का फैसला
➤ पालकवाह खास स्थित भवन में एसडीआरएफ को स्थानांतरित करने की मंजूरी
➤ हिमालयी चरवाहों के लिए लचीली आजीविका व सशक्तिकरण परियोजना को स्वीकृति
➤ चरवाहों व पशुधन की आवाजाही के लिए नया कानून लाने का निर्णय
➤ नाहन, नालागढ़, मोहाल, रोहड़ू सहित कई क्षेत्रों में दूध प्रसंस्करण व शीतकरण अधोसंरचना को मंजूरी
➤ मिल्कफेड को 60 करोड़ रुपये की कैश क्रेडिट लिमिट स्वीकृत
➤ सभी सरकारी इंजीनियरिंग कॉलेजों में FEM मॉडल लागू करने का फैसला
➤ घुमारवीं में पीपीपी मोड पर मल्टीडिसिप्लिनरी यूनिवर्सिटी स्थापित करने की मंजूरी
➤ भूमि संरक्षण अधिनियम में संशोधन कर सूखे चीड़ के पेड़ों के नियमानुसार कटान की अनुमति
➤ शहरी लघु दुकानदारों को एनपीए ऋण पर एकमुश्त निपटान सहायता देने का निर्णय
➤ पिछड़ा वर्ग आयोग का मुख्यालय शिमला से धर्मशाला स्थानांतरित करने की मंजूरी
➤ इंदौरा के मलोट में नशा मुक्ति केंद्र स्थापित करने का फैसला
➤ स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति में संशोधन कर 25 मेगावाट तक की परियोजनाओं को राहत
➤ नाथपा-झाकड़ी व रामपुर परियोजनाओं की इक्विटी ऊर्जा हिस्सेदारी राज्य को पुनः आवंटित
➤ शिक्षा विभाग में 28 आश्रितों को अनुकंपा रोजगार की मंजूरी
➤ घुमारवीं क्षेत्र में आधुनिक वाणिज्यिक परिसरों के निर्माण को स्वीकृति
➤ 892 करोड़ रुपये की आपदा न्यूनीकरण एवं तैयारी परियोजना को मंजूरी
➤ स्टार्ट-अप योजना के तहत 18 से 42 सीटर बसों पर अनुदान देने का निर्णय



