➤ हमीरपुर के संजय वात्स्यायन बने भारतीय नौसेना के 47वें उप प्रमुख
➤ तीन दशक से अधिक का शानदार सैन्य करियर, कई युद्धपोतों की कमान संभाली
➤ राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर वीरों को दी श्रद्धांजलि, परिवार को दी सफलता की प्रेरणा का श्रेय
हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के हीरानगर निवासी वाइस एडमिरल संजय वात्स्यायन ने 1 अगस्त 2025 को भारतीय नौसेना के 47वें उप नौसेना प्रमुख (VCNS) के रूप में पदभार ग्रहण किया। इस अवसर पर उन्होंने राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर पुष्प अर्पित कर देश के लिए बलिदान देने वाले वीरों को श्रद्धांजलि दी। उनका यह सम्मान हिमाचल के लिए गौरव का क्षण है और भारतीय नौसेना में उनका योगदान नवीनतम प्रेरणा बनकर सामने आया है।
वाइस एडमिरल संजय वात्स्यायन, एवीएसएम, एनएम, ने तीन दशकों से भी अधिक के विशिष्ट नौसेना करियर में कई युद्धपोतों की कमान संभाली है। उन्होंने आईएनएस विभूति, आईएनएस नाशक और आईएनएस सह्याद्री जैसे अग्रिम पंक्ति के जहाजों का नेतृत्व किया है। इसके अलावा, उन्होंने पूर्वी बेड़े के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग के रूप में अपनी रणनीतिक नेतृत्व क्षमता का परिचय देते हुए कई प्रमुख परिचालन अभ्यासों का सफल संचालन किया।
उनकी नीति-निर्धारण में अहम भूमिका रही है। वे संयुक्त निदेशक (कार्मिक), नौसेना योजना निदेशक, और मुख्य निदेशक (नौसेना योजना) जैसे महत्वपूर्ण पदों पर रह चुके हैं। वाइस एडमिरल वात्स्यायन ने नौसेना में रणनीतिक और प्रशासनिक बदलावों में प्रभावशाली भूमिका निभाई है।
अपने व्यक्तिगत जीवन में वे पत्नी सरिता वात्स्यायन और दो बच्चों के साथ रहते हैं। उन्होंने कहा कि उनके परिवार ने हमेशा उनके कॅरियर में मजबूत आधार की भूमिका निभाई और उनकी सफलता में समर्पण और सहयोग का विशेष स्थान है।
संजय वात्स्यायन का यह सम्मान न केवल हिमाचल प्रदेश बल्कि सम्पूर्ण भारत के लिए गर्व का विषय है, जहां से एक और वीर सपूत ने राष्ट्र की रक्षा में अपना सर्वोच्च योगदान दिया है।



